वैदिक गणित भी जटिल से जटिल गणना को अल्प समय में सटीक ,सरल, रोचक विधि से करने में हमारे लिए अत्यन्त ही उपयोगी सिद्ध होता है । क्योंकि वैदिक गणित में गणितीय समस्याओं को हल करने के लिए सूत्रों की सहायता ली जाती है।
वैदिक गणित में प्रमाणपत्र कार्यक्रम का मूल उद्देश्य वेदों में वर्णित गणितीय ज्ञान को उद्घाटित करना है और राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 भी भारतीय ज्ञान परम्परा के हस्तान्तरण पर बल देती है। वर्तमान युग तकनीकी प्रधान है ,जिसमें लोगों के पास समय का आभाव है अतः ऐसे समय में वैदिक गणित के माध्यम से छात्रों के लिए न केवल गणित को आसान व रोचक बनाना है अपितु वैदिक गणित रूपी धरोहर से ज्ञानपिपासुओं को अवगत कराना भी है।वैदिक गणित में प्रमाणपत्र कार्यक्रम द्वारा छात्रों में कठिन गणना को सरल रूप से सुलझाने की योग्यता को विकसित करना है जिससे छात्र प्रतियोगी परीक्षाओं में कठिन कहे जाने वाले विषय गणित को उत्साह व रूचि के साथ सहज रूप में समझकर , आत्मविश्वास सहित जीवन में सफल हो सकें ।
वैदिक गणित कार्यक्रम के निम्नलिखित उद्देश्य हैं-
* जटिल से जटिल गणितीय गणनाओं को आसानी से आत्मविश्वास सहित हल करने की कला को सिखाना।
* गणित जैसे कठिन विषय को सरल बनाना।
* वैदिक गणित की प्राचीन धरोहर से विद्यार्थियों को परिचित करवाना।
प्रतियोगी परीक्षाओं में गणितीय गणनाओं को सरल विधि से कम समय में हल करने की योग्यता का विकास करना।"